ओमिक्रॉन और कोरोना का बाप है ये नया वायरस, करता है डबल अटैक, जाने इसके लक्षण

कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के बढ़ते कहर के बीच फ़्लोरोना वायरस (Florona Virus) का पहला केस इज़रायल में सामने आया है। यहां के रैबिन मेडिकल सेंटर में एक प्रेग्नेंट महिला एडमिट होने के बाद फ़्लोरोना वायरस से ग्रसित पाई गई। बताया जा रहा है कि महिला ने वैक्सिन नहीं लगवाई थी।

क्या है फ़्लोरोना वायरस?

फ़्लोरोना वायरस कोरोना वायरस का नया वैरिएंट नहीं है। बल्कि ये तो एक डुअल इंफ़ेक्शन या इंफ़्लुएंज़ा वायरस और Sars-CoV-2 का कोइंफ़ेक्शन है। सरल भाषा में आप इसे कोरोना और इंफ़्लुएंज़ा का कॉम्बिनेशन भी बोल सकते हैं। कायरो यूनिवर्सिटी अस्पताल के Dr. Nahla Abdel Wahab के अनुसार फ़्लोरोना हमारे इम्युन सिस्टम पर हमला कर इसे बहुत अधिक नुकसान पहुंचाता है। इसकी वजह ये है कि इसमें एक समय में दो वायरस शरीर पर हमला करते हैं।

फ़्लोरोना वायरस के लक्षण

खांसी, सर्दी, ज़ुकाम, बुखार, सिरदर्द, थकान फ़्लोरोना वायरस के लक्षण हैं। WHO के अनुसार फ़्लू और कोरोनावायरस दोनों के लक्षण लगभग एक समान होते हैं। इसलिए संक्रमित व्यक्तियों के बीच भिन्न-भिन्न लक्षण नजर आ सकते हैं। ये दोनों ही बीमारियाँ खतरनाक होती है। इसमें संक्रमित शख्स बिना कोई लक्षण दिखाए भी दूसरों को संक्रमित कर सकता है।

आमतौर पर फ़्लू से पीड़ित व्यक्ति में 1 से 4 दिन के बीच है लक्षण दिखते हैं। वहीं कोविड-19 संक्रमित व्यक्ति में इंफ़ेक्शन के 5 दिन बाद लक्षण उभरते हैं। लेकिन फ़्लोरोना (कोविड-19 और इंफ़्लुएंज़ा) के केस में पीड़ित शख्स को संक्रमण के एक दिन बाद ही माइल्ड लक्षण दिखने लगते हैं