रहस्यों से भरे इस कुंड में ताली बजाने के साथ ही फूट पड़ती है जल की धारा, कई रोगों का उपचार भी है यहाँ मौजूद

भारत विविधताओं से भरा हुआ देश है. यहां कई रहस्य है इस पर से पर्दा आज तक नहीं उठा है और लोग उसे एक दैविक चमत्कार मान कर पूछ तैयार हैं. भारत में ऐसे रहस्य की अनगिनत कथाएं हैं, साक्षात उदाहरण है, जिसे जाकर महसूस किया जा सकता है. आज भी विज्ञान इन रहस्यों पर से पर्दा उठाने की कोशिश कर रहा है. कुछ के जवाब मिल चुके हैं, कुछ अभी भी शोध के अधीन है.



हम आपको एक ऐसे कुंड के बारे में बताने जा रहे हैं, जो एक ताली बजाने पर पानियों की फुहार लेकर आता है. इतना ही नहीं मौसम के अनुसार पानी का तापमान बदलता रहता है. अर्थात सर्दियों में गर्म पानी और गर्मी में ठंडे पानी का निकास देखने को मिलता है. झारखंड के बोकारो में स्थित है दलाही कुंड एक ऐसा कुंड हैं, जहां पर अगर आप ताली बजाते हैं तो उस कुंड से पानी बाहर निकलने लगता है.



इस कुंड के पीछे कई रहस्य है. कई वैज्ञानिक कारण है. इसके बारे में आज हम आपको विस्तार से बता रहे हैं. झारखंड के बोकारो में स्थित दलाही कुंड लोगों की सुर्खियों में अक्सर बना रहता है. लोग इस कुंड के आसपास खड़े होकर अगर ताली बजाते हैं तो इससे पानी बाहर निकलने लगता है.



भौगोलिक दृष्टिकोण की बात करें, दलाही कुंड का पानी जमुई नाल के नाले से होते हुए गंगा नदी में जाता है. वैज्ञानिकों के रिसर्च के मुताबिक यहां पानी`इस कुंड के पानी में नहाने से लोगों की मुरादे भी पूरी होती है. दूर-दूर से लोग यहां पर स्नान करने आते हैं. कहा जाता है कि कुंड के पानी में स्नान करने पर कई पुराने रोग और चर्म रोग ठीक हो जाते हैं. औषधीय गुणों से भरपूर कुंड का महत्व सर्वाधिक इस इलाके में माना जाता है और दूर-दूर से लोग इसमें स्नान करने भी आते हैं .आसपास के इलाकों के लिए गायक आकर्षक पर्यटन केंद्र है.



आपको बता दें कि दलाही कुंड बोकारो से करीब 27 किलोमीटर की दूरी पर जगह सुर में स्थित है हर वर्ष मकर सक्रांति को यहां विशाल मेला लगता है. इस मेले को 1984 में आरंभ किया गया था, जिसके बाद प्रत्येक वर्ष इस मेले का आयोजन किया जाता. इस कुंड का महत्व दूर दराज के प्रदेशों में भी फैला है. बहुत दूर-दूर से लोग भ्रमण करने आते हैं, और इस कुंड में स्नान कर इसके अद्भुत चमत्कार के साक्षी बनते हैं.



वैज्ञानिक सिद्धांतों के साथ साथ औषधीय गुणों से भरपूर यह कुंड अपने अन्दर कई अन्य रहस्यों को भी समेटे हुए, जिसकी चर्चा वहां के स्थानीय लोग करते हैं. हालांकि उन कही बातों का कोई आधार नहीं हैं, लेकिन फिर भी आस्था का अनोखा संगम देखने को मिलता है.